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Sunday, February 1, 2026

अब प्रदेश में समय से पंचायत चुनाव होने की उम्मीद नहीं, 26 मई तक है ग्राम पंचायतों का कार्यकाल

अब प्रदेश में समय से पंचायत चुनाव होने की उम्मीद नहीं, 26 मई तक है ग्राम पंचायतों का कार्यकाल, 26 मार्च 2021 को जारी हुई थी अधिसूचना

समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का अब गठन होने पर भी जून तक पूरी हो सकेगी चुनावी प्रक्रिया


लखनऊः  पंचायत चुनाव लड़ने वालों को अभी लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। राज्य सरकार की तैयारियों को देखते हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के अब 26 मई से पहले होने की कोई उम्मीद नहीं है। सरकार ने पंचायत चुनाव में ओबीसी आरक्षण के लिए समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का अभी गठन तक नहीं किया है। फरवरी में आयोग का गठन होने पर भी चुनाव की प्रक्रिया जून से पहले पूरी होने की कोई गुंजाइश नहीं है।


पंचायत चुनाव को लेकर फिलहाल पंचायती राज निदेशालय से लेकर शासन स्तर पर किसी तरह की कोई हलचल तेज होती नहीं दिखाई दे रही है। पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर यह तो कहते रहते हैं कि उनकी कोशिश जल्द से जल्द पंचायत चुनाव कराने की है लेकिन कैसे, इसका स्पष्ट जवाब देने से बचते हैं। कहते हैं कि अब मौजूदा पंचायतों का कार्यकाल खत्म होने से पहले तो चुनाव की प्रक्रिया पूरी होने की उम्मीद नहीं है लेकिन जून तक चुनाव कराए जा सकते हैं। 

जिलों में मतपत्र छप गए हैं। 28 फरवरी को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन भी हो जाएगा। गठन से दो महीने में समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट आ जाएगी। इसके बाद सीटों का आरक्षण तय करने में भी लगभग एक महीने और फिर राज्य निर्वाचन आयोग को चुनाव कराने में न्यूनतम 35 दिन चाहिए ही। हालांकि, एसआइआर व जनगणना की बात कहते हुए पंचायती राज मंत्री कहते हैं कि इसको भी तो सरकार को देखना है।

वैसे मौजूदा राजनीतिक माहौल को देखते हुए चर्चा है कि अगले वर्ष विधान सभा चुनाव के बाद ही सरकार पंचायत चुनाव कराना चाहती है ताकि पंचायत चुनाव के नतीजों का असर किसी तरह से विधान सभा चुनाव पर न पड़ने पाए। इतना जरूर है कि समय से पंचायत चुनाव न होने पर लोग कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते है। पंचायत चुनाव को लेकर सरकार के ढुलमुल रवैये को देखते हुए हाई कोर्ट में समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के अब तक गठन न होने पर एक याचिका दायर भी हो चुकी है। 

माना जा रहा है कि 26 मई को पंचायतों का कार्यकाल पूरा होने तक और भी याचिकाएं दायर हो सकती हैं। पूर्व में नगरीय निकाय व पंचायत चुनाव समय पर न कराए जाने के मामले में शीर्ष अदालत तक का कड़ा रुख रहा है, इसलिए भले ही सरकार चुनाव को लेकर अभी सक्रिय नहीं है लेकिन कोर्ट के आदेश पर तो उसे चुनाव कराना ही पड़ेगा। पिछले पंचायत चुनाव में ओबीसी सीटों के आरक्षण के लिए आयोग व नहीं। नहीं किया गया था।


राज्य निर्वाचन आयोग ने 26 मार्च को जारी की थी पिछली अधिसूचना

राज्य निर्वाचन आयोग ने वर्ष 2021 में पंचायत चुनाव की अधिसूचना 26 मार्च को जारी कर दी थी। अप्रैल में चार चरणों में मतदान हुए थे। पंचायतों का पांच वर्ष का कार्यकाल 26 मई को पूरा हो जाएगा। क्षेत्र व जिला पंचायत के चुनाव जून-जुलाई में हुए थे।

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