लखनऊ। प्रदेश में प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) जवानों को बढ़े ड्यूटी भत्ते (मानदेय) और कैशलेस इलाज का दोहरा तोहफा मिला है। अब ड्यूटी भत्ता 100 रुपये बढ़कर 600 रुपये प्रतिदिन मिलेगा। साथ ही पीआरडी जवानों और उनके आश्रितों को पांच लाख रुपये तक कैशलेस इलाज की भी सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
मानदेय बढ़ने से पीआरडी जवानों को लगातार तीस दिन की ड्यूटी मिलने पर 3000 रुपये महीने का फायदा होगा। राज्य सरकार ने चौथी बार पीआरडी जवानों के मानदेय में इजाफा किया गया है। इससे पहले आठ मार्च 2019 में मानदेय 250 से बढ़ाकर 375, जनवरी 2022 में 375 से बढ़ाकर 395 रुपये, अप्रैल 2025 में 395 से बढ़ाकर 500 रुपये किया गया था।
चौथी बार बढ़े मानदेय से सरकार पर प्रतिवर्ष एक अरब एक करोड़ 44 लाख 81 हजार का अतिरिक्त व्यय आएगा। इसके अलावा मुख्यमंत्री पीआरडी कैशलेस चिकित्सा योजना के तहत उत्तर प्रदेश प्रांतीय रक्षक दल के जवान और उनके आश्रित परिवार के सदस्यों को स्टेट एजेंसी फॉर कॉम्प्रिहेंसिव हेल्थ इंटीग्रेटेड सर्विसेज (साचीज) के माध्यम से प्रति परिवार प्रतिवर्ष पांच लाख रुपये की सीमा तक राजकीय चिकित्सालयों और साचीज से संबद्ध निजी चिकित्सालयों में उपचार के लिए चिकित्सा सुविधा मिलेगी।
इस संबंध में युवा कल्याण और प्रांतीय रक्षक दल विभाग के अंतर्गत पीआरडी जवान और उनके आश्रित परिवार के सदस्यों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा का लाभ दिए जाने पर प्रति जवान 3000 रुपये प्रीमियम की दर से प्रतिवर्ष वित्तीय व्यय भार 9.34 करोड़ रुपये अनुमानित है।
सरकार के इस फैसले से 31,130 पीआरडी स्वयंसेवकों को लाभ मिलेगा। प्रांतीय रक्षक दल के जवानों की ड्यूटी प्रदेश के सभी थानों, महिला थानों, यातायात संचालन, मेला, प्रदर्शनी, तीर्थयात्रा, निर्वाचन, दैवी आपदाओं, हड़ताल, एवं अन्य अपरिहार्य परिस्थितियों में जिला प्रशासन की ओर से लगाई जाती है। इसके अलावा विभाग की विभिन्न परिसंपत्तियों की सुरक्षा के लिए इन जवानों को ड्यूटी पर लगाया जाता है। साथ ही पर्यटन से संबंधित महत्वपूर्ण स्थल जैसे वाराणसी, प्रयागराज, विंध्याचल, चित्रकूट, नैमिषारण्य, कुंभ-माघ मेला समेत अन्य जगहों पर जिला प्रशासन की मांग पर ड्यूटी लगाई जाती है।